UPI New Rules 2026: यूपीआई से ₹1 लाख पेमेंट पर नया नियम हुआ लागू, अब इस तरह होगा ट्रांजैक्शन

By: Santosh Singh

On: Monday, March 30, 2026 6:56 PM

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UPI New Rules 2026: वर्तमान में देखा जाए तो भारत में काफी तेजी से डिजिटल पेमेंट का विस्तार देखने को मिल रहा है। इस समय हर व्यक्ति यूपीआई के द्वारा लेनदेन करता है और इसके बढ़ते हुए उपयोगिता को देखते हुए वर्ष 2026 में नेशनल पेमेंट्स कॉरपोरेशन आफ इंडिया यानी एनपीसीआई के द्वारा और रिजर्व बैंक आफ इंडिया के द्वारा यूपीआई ट्रांजैक्शन से कुछ जुड़े नए नियम लागू कर दिए गए हैं अभी नए नियमों को आपको जान लेना चाहिए।

इन नए नियमों का प्रमुख उद्देश्य है कि डिजिटल पेमेंट को और अधिक सुरक्षित व पारदर्शी व यूजर फ्रेंडली बनाया जाना है। खास तौर पर ₹100000 तक का ट्रांजैक्शन हेतु अभी नई गाइडलाइन जारी किया गया है। जिससे अब बड़े पेमेंट करने के तरीके में थोड़ा सा बदलाव हुआ है। पूरी जानकारी बताई गई है।

यूपीआई के बारे में जानिए महत्वपूर्ण जानकारी

यूपीआई यानी यूनिफाइड पेमेंट से इंटरफेस जो की एक रियल टाइम पेमेंट सिस्टम है जो कि बैंक खाते को मोबाइल ऐप से जोड़ते हुए तुरंत पैसे भेजे जाने और प्राप्त करने की सुविधा यहां पर प्रदान करता है। जैसे कि वर्तमान में देखा जाए तो गूगल पे, फोन पे, व पेटीएम जैसे महत्वपूर्ण फॉर्म है जिसके माध्यम से करोड़ों ट्रांजैक्शन हर दिन होता है व सिस्टम है काफी तेज आसान और सुरक्षित होने की वजह से भारत में सबसे लोकप्रिय डिजिटल पेमेंट माध्यम हो गया है।

एक लाख पेमेंट को लेकर क्या है नया नियम

वर्ष 2026 में यह नया नियम लागू किया गया है जो कि ₹100000 तक का ट्रांजेक्शन होने पर अतिरिक्त सुरक्षा उपाय को लागू कर दिया गया है। अब कोई भी यूजर अगर पहली बार बड़ी राशि को ट्रांसफर कर रहे हैं तो सिस्टम अतिरिक्त वेरिफिकेशन यहां पर कर सकता है।

इसके अलावा कुछ मामलों में देखा जाए तो ट्रांजैक्शन को कुछ सेकेंड के लिए होल्ड कर दिया जाता है ताकि फ्रॉड की जांच हो पाए या नियम खासतौर पर नए पेमेंट ऐड्रेस या फिर नए बेनिफिशियरी पर लागू किया जाता है।

ट्रांजैक्शन लिमिट में जानिए क्या हुआ बदलाव

यूपीआई का जो सामान्य दैनिक लिमिट है वह ₹100000 तक रहता है लेकिन कुछ विशेष सेवा जैसे कि अस्पताल या शिक्षा भुगतान में यहां लिमिट काफी अधिक हो सकता है। नए नियम के तहत बात किया जाए तो बैंक और EPS को यह अधिकार दे दिया गया है कि वह यूजर की प्रोफाइल व व्यवहार के आधार पर आसानी से लिमिट को तय कर पाए। इससे संबंधित गतिविधियों को आसानी से रोका जा सकेगा और यूजर्स की सुरक्षा आसानी से बढ़ पाएगी।

यूपीआई के नए बेनिफिशियरी पर बड़ी सख्ती

अगर आप किसी भी नए व्यक्ति को पैसे ट्रांसफर कर रहे हैं आपको थोड़ा अतिरिक्त अब ध्यान रखना पड़ सकता है। कुछ मामलों में पहली बार ट्रांजैक्शन कर देने पर छोटी लिमिट को लागू किया जा सकता है। जैसे कि ओटीआर या फिर री वेरिफिकेशन का आवश्यकता पड़ सकता है यह जो कदम है ऑनलाइन पाठ को कम करने के उद्देश्य उठाया गया है।

फ्रॉड रोकने के लिए यह है नया यूपीआई फीचर

जैसे कि यूपीआई में फ्रॉड के मामले काफी ज्यादा देखने को मिलते हैं अब इसके लिए कई सुरक्षा फीचर्स जोड़ दिया गया है। अगर कोई संदिग्ध ट्रांजैक्शन हो रहा है तो सिस्टम उसको तुरंत रोक सकता है और यूजर को आसानी से अलर्ट भेज सकता है। इसके अलावा आई आधारित मॉनिटरिंग सिस्टम भी लागू हो रहा है जो कि सामान्य गतिविधियों को वह आसानी से पहचान लेता है।

ऑटो पे व सब्सक्रिप्शन पर बड़ा अपडेट

यूपीआई ऑटो पे के नियमों में महत्वपूर्ण बदलाव कर दिया गया है। आप किसी भी ऑटो डेबिट हेतु पहले से अनुमति जरूरी रहेगा और हर ट्रांजैक्शंस के पहले नोटिफिकेशन भेज दिया जाएगा। इसकी वजह से यूजर्स को आसानी से अपने खर्चों पर बेहतर नियंत्रण यानी कंट्रोल मिल पाएगा।

इस तरह यूपीआई के तहत सुरक्षित ट्रांजैक्शन करें

यूपीआई का उपयोग करते टाइम कुछ सावधानियां बरतना बेहद जरूरी है।जैसे कि कभी भी अपना यूपीआई पिन किसी के साथ कभी भी साझा न करें अनजान लिंक किया क्यूआर कोड को स्कैन करने से अवश्य बचे। मेन एप्स का ही इस्तेमाल करें समय-समय पर ऐप को अपडेट करते रहें।

ऑफिशियल यूपीआई से जुड़े नियम की जानकारी यहां देखें

यूपीआई से जुड़े हुए नए नियम व अपडेट की सही जानकारी हेतु आप नीचे दिए गए हैं ऑफिशियल वेबसाइट पर जा सकते हैं।

https://www.npci.org.in

https://www.rbi.org.in

आप आसानी से अधिकारिक गाइडलाइन व नोटिफिकेशन की जानकारी यहां प्राप्त कर सकते है।

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